होमसमाचारखेलरोहित शर्मा और किंग कोहली ने लिया टी20 टूर्नामेंट्स से सन्यास

रोहित शर्मा और किंग कोहली ने लिया टी20 टूर्नामेंट्स से सन्यास

टी20 विश्व कप 2024 के फाइनल के बाद विराट कोहली और रोहित शर्मा ने टी20 अंतरराष्ट्रीय क्रिकेट से संन्यास की घोषणा की है। खिताब जीतने के तुरंत बाद विराट ने ब्रॉडकास्टर को अपने संन्यास की जानकारी दी, वहीं रोहित ने प्रेस कॉन्फ्रेंस के दौरान अपने संन्यास का ऐलान किया। उनके टी20 अंतरराष्ट्रीय क्रिकेट से संन्यास लेने के साथ ही भारतीय क्रिकेट के एक युग का पटाक्षेप हो गया। रोहित 2007 और विराट 2010 में भारत की टी20 टीम में शामिल हुए थे।दोनों ने इस प्रारूप में कई महत्वपूर्ण रिकॉर्ड स्थापित किए और अब टी20 चैंपियन बनकर अपने-अपने करियर का समापन किया। इनके करियर के साथ एक दिलचस्प संयोग भी जुड़ा हुआ है।

जून में करी थी शुरुआत और जून में ही हुआ अंत

विराट कोहली ने 12 जून 2010 को अपना टी20 अंतरराष्ट्रीय करियर शुरू किया था। अब, 14 साल बाद, उन्होंने जून में ही अपना अंतिम मैच भी खेला। विराट ने भारत के लिए 125 टी20 मैचों में खेलते हुए 48.69 की औसत से 4188 रन बनाए। रोहित शर्मा के बाद, विराट कोहली इस प्रारूप में सबसे ज्यादा रन बना कर दूसरे स्थान पर हैं। अपने करियर में कोहली ने एक शतक और 38 अर्धशतक बनाए हैं।टी20 विश्व कप के इतिहास में, वह सबसे ज्यादा 1292 रन बनाने वाले बल्लेबाज हैं। टी20 विश्व कप में उनके नाम सबसे ज्यादा 15 अर्धशतक भी दर्ज हैं।

रोहित ने बतौर चैंपियन किया अंत

जब बात रोहित शर्मा की टी20 अंतरराष्ट्रीय करियर की हो, तो उन्होंने 2007 में टी20 विश्व कप ट्रॉफी जीतकर अपने इस सफर की शुरुआत करी थी। 2007 में वे धोनी के नेतृत्व में चैंपियन बनने वाली टीम का हिस्सा थे। नौवें संस्करण में रोहित ने खुद कप्तानी करते हुए भारत को टी20 विश्व कप जीताया और अपने करियर को चैंपियन के तौर पर समाप्त किया। रोहित ने टीम इंडिया के लिए टी20 में कप्तान के रूप में 50 मैच जीते हैं, जो एक रिकॉर्ड भी है।अब तक किसी भी कप्तान ने टी20 में उनसे अधिक मैच नहीं जीते हैं।

कोहली ने जीत के बाद किया एलान

कोहली ने अवॉर्ड लेते समय संन्यास की घोषणा करी, उन्होंने कहा “यह मेरा आखिरी टी20 विश्व कप था, हम इसी को हासिल करना चाहते थे।”। कभी-कभी आपको ऐसा लगता है कि आप दौड़ नहीं सकते, फिर भी ऊपरवाला महान होता है। वह स्थिति ‘अभी नहीं तो कभी नहीं’ जैसी थी। भारत के लिए खेलते हुए, यह मेरा अंतिम टी20 मैच था। हम उस ट्रॉफी को जीतना चाहते थे। इस बारे में मैंने कभी सोचा नहीं था।यद्यपि हम हार गए होते, तब भी मैं संन्यास लेता। अब टी20 क्रिकेट को अगली पीढ़ी के लिए आगे बढ़ाने का समय है। आईसीसी टूर्नामेंट जीतने की उम्मीद में हमने बहुत लंबा इंतजार किया है। रोहित जैसे खिलाड़ी की उपस्थिति देखकर, जिन्होंने नौ टी20 विश्व कप खेले हैं, आईसीसी टूर्नामेंट जीतने की उम्मीद में उन्होंने बहुत लंबा इंतजार किया है। वे इस जीत का हकदार है।

RELATED ARTICLES

कोई जवाब दें

कृपया अपनी टिप्पणी दर्ज करें!
कृपया अपना नाम यहाँ दर्ज करें

- Advertisment -
Sidebar banner

Most Popular

Recent Comments